क्या है जोहरान ममदानी का असली चेहरा?

 

अमेरिका के न्यूयॉर्क शहर में जोहरान ममदानी (Zohran Mamdani) बने पहले मुस्लिम मेयर। फिलिस्तीन समर्थक रुख और ट्रंप की नाराजगी के बीच यह जीत भविष्य में नए राजनीतिक टकराव का संकेत मानी जा रही है। uplive24.com पर पढ़िए विश्लेषण।

अमेरिकी राजनीति में एक नया इतिहास लिखा गया है। 34 वर्षीय जोहरान ममदानी ने न्यूयॉर्क सिटी के मेयर चुनाव (Zohran Mamdani New York Mayor) में जीत दर्ज कर ली है, और इस तरह वह शहर के पहले मुस्लिम और सबसे युवा मेयर बन गए हैं। यह जीत सिर्फ चुनावी नहीं, बल्कि एक प्रतीकात्मक परिवर्तन भी है। सत्ता के केंद्र में पहली बार एक ऐसे नेता की आवाज पहुंची है, जो अब तक व्यवस्था के किनारों पर खड़ा था। लेकिन, यह जीत जितनी ऐतिहासिक है, उतनी ही विवादास्पद भी मानी जा रही है।

ममदानी ने पूर्व गवर्नर एंड्रयू क्यूमो और रिपब्लिकन कर्टिस स्लिवा को हराते हुए यह जीत हासिल की। रिकॉर्ड तोड़ 20 लाख से ज्यादा लोगों ने मतदान किया, जो 1969 के बाद अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है। लेकिन, इस जीत के पीछे एक खास सामाजिक और राजनीतिक लहर भी थी, अमेरिका की मुस्लिम कम्युनिटी का एकजुट समर्थन।

जोहरान ममदानी (Zohran Mamdani) लंबे समय से फिलिस्तीन के समर्थन और इस्राइल की नीतियों के विरोध के लिए जाने जाते हैं। यही रुख अब अमेरिका की मुख्यधारा राजनीति में एक नए तनाव की वजह बन सकता है। क्योंकि, जहां एक ओर मुस्लिम और प्रगतिशील वर्ग ने उन्हें बदलाव की उम्मीद के रूप में देखा, वहीं यहूदी और इस्राइल समर्थक तबके में उनके रुख को लेकर चिंता बढ़ रही है।

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कई पर्यवेक्षक मानते हैं कि ममदानी का इस्राइल विरोध केवल राजनीतिक नहीं, बल्कि धार्मिक दृष्टिकोण से प्रेरित है। यही बात आगे चलकर न्यूयॉर्क जैसी बहुधार्मिक और बहुसांस्कृतिक सिटी में टकराव का कारण बन सकती है। फिलहाल, न्यूयॉर्क के उदारवादी तबके ने उन्हें समावेशी नेतृत्व के प्रतीक के रूप में समर्थन दिया है, लेकिन यह गारंटी नहीं कि आने वाले दिनों में वही समर्थन कायम रहेगा।

इस जीत के बाद अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने अपनी पहली प्रतिक्रिया दी। उन्होंने इस हार का कारण खुद का चुनावी मैदान में न होना और हाल के सरकारी शटडाउन (Government Shutdown) को बताया। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर लिखा - TRUMP WASN’T ON THE BALLOT, AND SHUTDOWN WERE THE TWO REASONS THAT REPUBLICANS LOST ELECTIONS TONIGHT.

कौन हैं जोहरान ममदानी (Zohran Mamdani)

जोहरान ममदानी, जो मूल रूप से क्वींस (Queens) से राज्य विधानसभा के सदस्य रहे हैं, ने लगभग एक साल पहले मेयर की दौड़ में प्रवेश किया था। शुरुआत में उनकी पहचान सीमित थी और उनके पास बहुत ज्यादा अनुभव भी नहीं था, लेकिन उन्होंने डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट के तौर पर अभियान चलाया और शहर के युवाओं व प्रवासी समुदायों में भारी समर्थन हासिल किया।

इस बार मतदान में 20 लाख से अधिक वोट पड़े, जो 1969 के बाद किसी न्यूयॉर्क मेयर चुनाव में सबसे अधिक है। यह अभूतपूर्व मतदान बताता है कि ममदानी (Zohran Mamdani) की उम्मीदवारी ने आम लोगों को राजनीति में नई उम्मीद दी।

Zohran Mamdani… हम यह आर्टिकल इसलिए अंग्रेजी में लिख रहे हैं

ट्रंप बनाम ममदानी (Trump vs Zohran Mamdani)

ममदानी का चुनाव अभियान धीरे-धीरे ट्रंप के खिलाफ वैचारिक लड़ाई का रूप ले चुका था। ट्रंप ने उन्हें कई बार साम्यवादी पागल कहा। जवाब में ममदानी ने कहा था कि वे राष्ट्रपति के साथ काम करने को तैयार हैं, लेकिन डरेंगे नहीं। उन्होंने कहा था - अगर आप न्यूयॉर्कवासियों की जिंदगी मुश्किल बनाना चाहते हैं, तो मैं सामने खड़ा रहूंगा।

ट्रंप ने मतदाताओं से अपील की थी कि वे ममदानी को रोकने के लिए एंड्रयू कुओमो को वोट दें। उन्होंने लिखा था - चाहे आपको कुओमो पसंद हों या नहीं, लेकिन इस बार आपके पास कोई विकल्प नहीं है। ट्रंप ने यहां तक कह दिया था कि अगर ममदानी जीत गए, तो न्यूयॉर्क को मिलने वाली फेडरल फंडिंग पर भी असर पड़ सकता है।

उन्होंने अपने एक पोस्ट में लिखा - अगर कम्युनिस्ट उम्मीदवार जोहरान ममदानी (Zohran Mamdani) मेयर बन गए, तो मैं न्यूयॉर्क को केवल न्यूनतम आवश्यक फंड दूंगा, क्योंकि एक कम्युनिस्ट नेतृत्व में यह महान शहर न तो सफल हो सकता है, न जीवित रह सकता है।

न्यूयॉर्क सिटी की भूमिका और ममदानी की चुनौती

न्यूयॉर्क सिटी दुनिया की आर्थिक और सांस्कृतिक राजधानी मानी जाती है। यह शहर मैनहैटन, ब्रुकलिन, क्वींस, ब्रॉन्क्स और स्टेटन आइलैंड को मिलाकर बना है और यहां 80 लाख से अधिक लोग रहते हैं। शहर का वार्षिक बजट लगभग $116 बिलियन है, जिसमें पुलिसिंग, शिक्षा और शहरी विकास जैसे बड़े क्षेत्रों की जिम्मेदारी मेयर के पास होती है।

न्यूयॉर्क आज तकनीकी और इनोवेशन का भी केंद्र बन चुका है। यहां 2,000 से अधिक AI स्टार्टअप्स हैं और लगभग 40,000 लोग आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (Artificial Intelligence) सेक्टर में काम कर रहे हैं। ऐसे में ममदानी के सामने प्रशासनिक और तकनीकी दोनों स्तरों पर बड़ी जिम्मेदारी होगी।

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